मध्य प्रदेश का ग्वालियर-चंबल क्षेत्र इन दिनों भीषण गर्मी और तेज लू की चपेट में है। लगातार बढ़ते तापमान और गर्म हवाओं ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। हालात ऐसे हैं कि दोपहर के समय सड़कों और बाजारों में सन्नाटा देखने को मिल रहा है और लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं।
सुबह से ही तेज हो रहे सूरज के तेवर
क्षेत्र में सुबह से ही गर्मी का असर महसूस होने लगा है। सूरज निकलने के कुछ घंटों बाद ही तापमान तेजी से बढ़ रहा है। ग्वालियर सहित आसपास के जिलों में दोपहर के समय तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि रात में भी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल रही है। न्यूनतम तापमान भी सामान्य से काफी ऊपर बना हुआ है, जिससे उमस और बेचैनी बढ़ गई है।
राजस्थान से आ रही गर्म हवाओं का असर
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, राजस्थान की ओर से आने वाली गर्म और शुष्क हवाएं ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में तापमान को लगातार बढ़ा रही हैं। साफ आसमान के कारण सूर्य की किरणें सीधे धरती पर पड़ रही हैं, जिससे हीट रेडिएशन और अधिक बढ़ गया है। आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है।
बच्चों और बुजुर्गों पर ज्यादा असर
भीषण गर्मी और लू का सबसे ज्यादा प्रभाव बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों पर देखा जा रहा है। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ गया है। अस्पतालों में गर्मी से जुड़ी परेशानियों वाले मरीजों की संख्या भी बढ़ने लगी है।
स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी जारी
बढ़ती गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों के लिए सावधानी बरतने की सलाह जारी की है। नागरिकों को दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और बाहर जाते समय सिर व चेहरे को ढंककर रखने की सलाह दी गई है।
डॉक्टरों ने लंबे समय तक धूप में रहने से बचने और शरीर में पानी की कमी नहीं होने देने पर जोर दिया है। प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर ही बाहर निकलने की अपील की है।
जनजीवन पर पड़ा असर
लगातार बढ़ती गर्मी ने लोगों की दिनचर्या और दैनिक गतिविधियों को प्रभावित कर दिया है। बाजारों में भीड़ कम हो गई है, जबकि दोपहर के समय सड़कें लगभग खाली नजर आ रही हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले कुछ दिनों तक गर्मी का यह प्रकोप जारी रह सकता है।

