फिलीपींस के अल्बे प्रांत में स्थित प्रसिद्ध मायोन ज्वालामुखी के दोबारा सक्रिय होने से बड़े पैमाने पर आपात स्थिति पैदा हो गई है। ज्वालामुखी विस्फोट के बाद प्रशासन ने आसपास के हजारों निवासियों को सुरक्षित क्षेत्रों में पहुंचाया है और संभावित खतरे को देखते हुए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
राजधानी मनीला के दक्षिण-पूर्व में स्थित इस ज्वालामुखी से राख, गैस और लावा का उत्सर्जन तेज हो गया है, जिससे आसमान में घने राख के बादल छा गए और आसपास के क्षेत्रों में दृश्यता प्रभावित हुई। कई इलाकों में राख फैलने के कारण परिवहन सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं।
6 किलोमीटर क्षेत्र को घोषित किया गया प्रतिबंधित जोन
अधिकारियों ने ज्वालामुखी की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए अलर्ट स्तर को बढ़ाकर लेवल-3 कर दिया है। इसके तहत ज्वालामुखी के छह किलोमीटर के दायरे को पूरी तरह प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया गया है। लोगों को लावा प्रवाह, भूस्खलन और संभावित बड़े विस्फोटों के खतरे को देखते हुए इस क्षेत्र से दूर रहने की चेतावनी दी गई है।
हजारों लोग राहत शिविरों में
लगभग 5,000 से अधिक लोगों को एहतियातन राहत केंद्रों में पहुंचाया गया है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त निकासी की तैयारी भी की जा रही है।
राख और धुएं से जनजीवन प्रभावित
ज्वालामुखी से निकलने वाली राख ने आसपास के कई इलाकों को अपनी चपेट में ले लिया है। धुंध और राख के कारण स्थानीय परिवहन व्यवस्था बाधित हुई है, जबकि स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं भी बढ़ गई हैं।
फिलीपींस का सबसे सक्रिय ज्वालामुखी
करीब 2,462 मीटर ऊंचा मायोन ज्वालामुखी अपनी सममितीय आकृति और लगातार सक्रियता के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। यह फिलीपींस के सबसे सक्रिय ज्वालामुखियों में गिना जाता है और एक प्रमुख पर्यटन स्थल भी है।
हालांकि वर्तमान विस्फोट मध्यम स्तर का बताया जा रहा है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि स्थिति अभी भी अस्थिर है और आगे की गतिविधियों पर लगातार निगरानी जरूरी है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और आधिकारिक निर्देशों का पालन करने की अपील की है।

